February 26, 2024

आतंकवाद का पनाहगाह पाकिस्तान अपनी हरकतों से बाज आने का नाम नहीं ले रहा है. उसने एक बार फिर से परमाणु युद्ध की गीदड़भभकी दी है. पाकिस्तान के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार लेफ्टिनेंट जनरल नासिर खान जंजुआ ने कश्मीर विवाद पर अमेरिका भारत की तरफदारी कर रहा है. दक्षिण एशिया में सुरक्षा हालात बेहद नाजुक हो गए हैं, जिसके चलते परमाणु युद्ध छिड़ सकता है.

यह पहली बार नहीं है, जब पाकिस्तान ने अपने परमाणु हथियारों की धौंस दिखाई है. इससे पहले पिछले साल पाकिस्तान के तत्कालीन रक्षामंत्री ख्वाजा आसिफ ने भी भारत पर परमाणु हमला करने की धमकी दी थी. इस पर भारत और अमेरिका ने कड़ी आपत्ति जताई थी.

सोमवार को इस्लामाबाद में एक सेमिनार को संबोधित करते हुए जंजुआ ने कहा कि दक्षिण एशिया क्षेत्र में अस्थिरता का माहौल है. सुरक्षा हालात बेहद नाजुक हो गए हैं. ऐसे में परमाणु युद्ध से इनकार नहीं किया जा सकता है.

सेंटर फॉर ग्लोबल एंड स्ट्रैटेजिक स्टडीज की ओर से आयोजित ”नेशनल सिक्युरिटी पॉलिसी-विजन फॉर पाकिस्तान” विषय पर आयोजित सेमिनार में उन्होंने कहा कि भारत भारी संख्या में घातक हथियार जुटा रहा है, जो पाकिस्तान के लिए लगातार खतरा है. उन्होंने कहा कि दक्षिण एशिया में संतुलन बनाए रखने के लिए विशेष प्रयास करने की जरूरत है, ताकि बड़े विनाश को टाला जा सके.

11 मई 1998 को भारत ने राजस्थान के पोखरण में अपना दूसरा परमाणु परीक्षण किया था. इसके बाद पाकिस्तान ने भारत के परमाणु परीक्षण के जवाब में अपना पहला न्यूक्लियर टेस्ट किया था. पाकिस्तान के प्रधानमंत्री नवाज शरीफ ने इस बात की पुष्टि की थी. उन्होंने कहा था, ‘अगर भारत अपना न्यूक्लियर टेस्ट न करता, तो हम भी न करते. पर भारत के ऐसा करने से हम पर जनता का काफी दबाव पड़ा, जिसके चलते हमने भी अपना पहला परमाणु परीक्षण किया.’ हालांकि इस बात को लेकर दोनों देशों में काफी तनाव पैदा हो गया था.

परमाणु हथियारों की बात करें, तो भारत छोड़ें, इजरायल और नॉर्थ कोरिया से भी आगे है पाकिस्तान. पाकिस्तान के पास करीब 120 परमाणु हथियार हैं, जो कि भारत के मुकाबले 10 हथियार ज्यादा है और पूरी दुनिया को खत्म करने के लिए काफी है. एक अमेरिकी रिपोर्ट के मुताबिक, पाकिस्तान हर साल लगभग 20 परमाणु हथियार बनाने की क्षमता रखता है.

भारत-पाकिस्तान की सैन्य ताकत की अगर तुलना की जाए तो भारत उससे कहीं आगे है. भारतीय सनिकों की संख्या 13 लाख है और वही पाकिस्तान की साढ़े छह लाख जो की भारत का बिलकुल आधा है. भारत की सैन्य ताकत से बराबरी करने के लिए पाकिस्तान अपने परमाणु हथियारों का उत्पादन बढ़ा रहा है.

पाकिस्तान के पास भारत से ज्यादा परमाणु हथियार हैं, इसलिए वो बार-बार भारत को परमाणु हमले की धमकियां देता रहता है. पाकिस्तान के न्यूक्लियर प्रोग्राम को देखने वाले अब्दुल कदिर खान ने एक बाद एक भड़काऊ बयान में कहा था, ‘पाकिस्तान के परमाणु बम दिल्ली को 5 मिनट में तबाह कर सकते हैं.’

पाकिस्तान के न्यूक्लियर प्रोग्राम के जनक अब्दुल कदीर खान ने कहा था की पाकिस्तान 1984 में ही परमाणु परीक्षण करने की क्षमता रखता था. लेकिन तत्कालीन राष्ट्रपति ‘जिया उल हक’ इस विचार के विरोध में थे, जिसके चलते पाकिस्तान ने ऐसा नहीं किया.